Sunday, 20 April 2014

IT कह रही है ऐ coder तुझे पुकार के



IT कह रही है  coder  तुझे पुकार के,
रुक जाना नहीं तू कहीं हार के |
क्यूँ  tension लेता है तू  folder structure  की ,
खुद  बन  जाएँगे   folder  BIN  के  और  WAR  के ||

Code  को  cover  करना हो तो  Eclima  डलवा लो ,
नही बन रही build तो दूसरा  schema  डलवा लो ||
Weekend  की रातें अब office  मे कट के रहेगी  ,
Build  को फटना होगा तो वो फट के रहेगी ||
Office  मे ही बीतेंगे तेरे दिन त्योहार के ,
IT कह रही है  coder  तुझे पुकार के,  |
गये वो खुशी के दिन शुक्रवार के , रुक जाना नही तू कहीं हार के |

लाख  design  कर के तुम  code कर लो ,
जो JAR  है missing  , वो  download कर लो |
नयी पुरानी  JAR  में तुम्हें कुछ अंतर नहीं मिलेगा ,
Required JAR का कभी  correct version  नहीं मिलेगा ||
ये सरे आम मेरा दावा है ,
अगर profile  तेरी Java  है ,
तो issues  आते रहेंगे  missing JAR  के |
IT कह रही है  coder  तुझे पुकार के,  
Time sheet  में भरने पड़ें  task शनिवार रविवार  के |  रुक जाना नहीं तू कहीं हार के |

Sushant Jain
Blog - iSushantJain.blogspot.in
Twitter - @digitallyyour

Thursday, 3 October 2013

मेंगो मैन की मेंगो कहानी


मेंगो मैन की मेंगो कहानी

कुर्सी हथियाने या कुर्सी बचाने में लगी रहती है सरकार यहाँ  
चुनावों के बाद तो दिखता नहीं कोई ख़ास सुधार यहाँ ।।

किसी को एक मारो चांटा , वो बदले में दस देगा
किसी को एक दो गाली ,  वो बदले में दस देगा ।।
सब ब्याज समेत वापस मिल जाता है , मिलता नहीं बस उधार यहाँ
चुनावों के बाद तो दिखता नहीं कोई ख़ास सुधार यहाँ ।।

बारिश हो तो सूखे की मार से सब्जी का दाम बढ़ गया ।
बारिश हो तो बाड़ की मार से सब्जी का दाम बढ़ गया ।।
आम आदमी की सैलरी का ही होता नहीं उद्धार यहाँ ।
चुनावों के बाद तो दिखता नहीं कोई ख़ास सुधार यहाँ ।।

सौ नीम्बू की शक्ति है VIM BAR में, नीम्बू पानी में नीम्बू नहीं है मगर ।
LPG Cylinder रखलो बेटी के दहेज़ के लिए, पेट भरो खा के ब्रेड बटर ।।
रातों रात कीमतें बढ़ जाती हैं , होती नहीं शुभ प्रभात यहाँ ।
चुनावों के बाद तो दिखता नहीं कोई ख़ास सुधार यहाँ ।।

कुर्सी हथियाने या कुर्सी बचाने में लगी रहती है सरकार यहाँ  
चुनावों के बाद तो दिखता नहीं कोई ख़ास सुधार यहाँ ।।


© Sushant Jain
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Tuesday, 10 September 2013

Office Ki Library




सोचता हूँ ये ख़याल मैं अक्सर ,
OFFICE  की  LIBRARY  में घुस  कर

क्यों कोई काम थोड़ा हट के किया जाये
किसी एक किताब को ढंग से पढ़ा जाये

ज्ञान का सागर, किताबों का मंदिर , ये LIBRARY ROOM है
चलो पढ़ें कोई TECHNOLOGY जिसका MARKET में BOOM है

जिसपे काम किया कभी, उसको पढना लगता है खले
इसी जोश में हमने उठा ली "ROOBY ON RAIL"

RAIL उतर गयी पटरी से , हुआ मामला SET
चलो पढ़ते हैं कल से VISUAL BASIC  DOT NET

कौन सी किताब पढनी है, ये खुद को समझ होती नहीं
दो किताब से ज्यादा यहाँ कुछ  ISSUE होती नहीं

एक और RULE जो लगता बड़ा FUNNY है
कि 14 दिन में किताब पढ़ के RETURN करनी है

13 दिन  बाद याद अता है कोई BOOK ISSUE कराई थी
भीड़ से हट के हमको करनी कुछ पढाई थी

इंजिनियर तो 4 वर्ष की पढाई में  ,
एक किताब ख़तम नहीं कर पते
ये  LIBRARY वाले 14 दिन में
जाने क्या उम्मीद हैं लगते ||

SAP पढेंगे , SOAP पढेंगे,  पढेंगे JAVA BEAN 
NOVEL , MAGAZINE सब पढेंगे, बनेंगे EINSTEIN

न पढ़ पाया एक भी CHAPTER, इस बात का दुख है ।
लिख रहा हूँ कविता, सामने LIBRARY की BOOK है ॥
बेशरम हो के देख रहा हूँ उस किताब को,  बार बार मुड़ कर ।
सोचता हूँ ये ख़याल मैं अक्सर, ऑफिस की LIBRARY में घुस कर ॥


Sushant Jain
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